ललित एवं निष्पादन कला आयोजन नियम

उद्देश्य

  1. ललित/निष्पादन कलाओं के उन्नयन हेतु विभिन्न आयोजन करना।
  2. ललित/निष्पादन कलाओं की विभिन्न विधाओं का संरक्षण, विकास एवं प्रचार-प्रसार करना।
  3. पारम्परिक लोक एवं जनजातीय कलाओं की उन्नति एवं प्रचलन हेतु आयोजन करना।

प्रमुख आयोजन

  1. ललित कला की विभिन्न विधाओं की प्रदर्षनियां, शिविर एवं सम्मेलन आयोजित करना।
  2. निष्पादन कला की रंगमंच/लोक नाट्य/नृत्य/गीत-संगीत आदि विभिन्न विधाओं के मंचीय आयोजन, षिविर एवं सम्मेलन आदि आयोजित करना।
  3. प्रदेष की प्रमुख स्वैच्छिक संस्थाओं (पंजीकृत अथवा अपंजीकृत) एवं सरकारी व गैर सरकारी संस्थानों और सभी ज़िला प्रषासन आदि के साथ मिलकर उक्त कलाओं के क्षेत्र में कार्यक्रम आयोजित करना।
  4. उक्त कलाओं के क्षेत्र में स्वयं अकादमी द्वारा अथवा केंद्रीय अकादमियों, प्रदेष के बाहर की अकादमियों, प्रमुख संस्थाओं (पंजीकृत अथवा अपंजीकृत) व अन्य सरकारी एवं गैर सरकारी संस्थानों आदि के साथ मिलकर अंतर्राज्यीय कार्यक्रम आयोजित करना।

मानदेय व अन्य सुविधाएं

  1. अकादमी द्वारा आयोजित राज्य तथा प्रदेश के बाहर के आमंत्रित कलाकारों के कार्यक्रमों में निष्पादन कलाकारों की विधाओं यथा अभिनय, संगीत, निर्देषन, नृत्य एवं दल नेता व अन्य तकनीकी व्यक्तियों की विशेषज्ञता आदि के मद्देनज़र पारिश्रमिक 800 रुपये से 5000 रुपये तक प्रति कलाकार सचिव अकादमी के विवेकानुसार देय होगा। नवोदित कलाकार को कम-से-कम 800 रुपये प्रति कलाकार तथा वरिष्ठ एवं स्तरीय कलाकार को कम-से-कम 1000 रुपये प्रति कलाकार मानदेय देय होगा। शेष पारिश्रमिक उनके विषिष्टतम स्तर, विषेषज्ञता व अन्य प्रयोजन के आधार पर तय होगा।
  2. राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय विख्यात कलाकार एवं विद्वान को आवश्यकतानुसार कारण स्पष्ट करते हुए सचिव अकादमी के प्रस्ताव पर अधिक पारिश्रमिक दिए जाने का निर्णय माननीय मुख्यमंत्री, हिमाचल प्रदेष एवं अध्यक्ष अकादमी द्वारा लिया जाएगा।
  3. प्रस्तुति से संबंधित सामान लाने-ले जाने तथा मेक-अप सामान व अन्य तकनीकी प़क्ष आदि के लिए आयोजन अनुसार व्यय की स्वीकृति सचिव अकादमी द्वारा दी जाएगी।
  4. ललित कला षिविर में भाग लेने वाले कलाकार को आवष्यक सामग्री के
    अलावा नवोदित एवं सामान्य श्रेणी के कलाकार को 1000 रुपये प्रति दिन तथा वरिष्ठ एवं स्तरीय कलाकार को 1200 रुपये प्रति दिन का मानदेय दिया जाएगा। राष्ट्रीय- अंतर्राष्ट्रीय विख्यात कलाकार को आवयकतानुसार कारण स्पष्ट करते हुए अधिक पारिश्रमिक दिए जाने का अधिकार सचिव अकादमी के प्रस्ताव पर निदेषक, भाषा एवं संस्कृति विभाग, हिमाचल प्रदेष (एवं उप सभापति, अकादमी कार्यकारी परिषद) द्वारा स्वविवेक से दिया जाएगा, जो पांच हज़ार रुपये तक प्रति व्यक्ति से अधिक नहीं होगा।

कलाकृतियों का विक्रय आदि

  1. शिविर में तैयार किए गए चित्र व अन्य कलाकृतियों का स्वामित्व अकादमी
    का होगा।
    2.. अकादमी द्वारा इन कलाकृतियों का विक्रय किया जाएगा।
  2. चित्रों का मूल्य निर्धारण सचिव अकादमी द्वारा किया जाएगा।
  3. 20 प्रतिषत कलाकृतियां मानार्थ दी जा सकेंगी।

यात्रा भत्ता एवं अन्य व्यवस्था

यात्रा एवं दैनिक भत्ता, आवास व्यवस्था तथा राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय स्तर के कलाकार को स्थानीय परिवहन भत्ता साहित्यिक आयोजन नियम की मद 4 (1 से 5 तथा 8 से 11) के समान। अंतर्राज्यीय कार्यक्रम के लिए अथवा राष्ट्रीय- अंतर्राष्ट्रीय स्तर के कलाकार के लिए मद 4 (7) पर भी विचार किया जा सकता है।

विविध नियम
साहित्यिक आयोजन नियम के समान रहेंगे।

नियमों में संषोधन

     इन नियमों में संषोधन करने का अधिकार कार्यकारी परिषद का होगा।